शुक्रवार, 9 अक्तूबर 2020

अपने ही भाई की हत्या करने वाली बहन के सहयोगी आरोपियों की जमानत हुई खारिज



जिला अभियोजन अधिकारी मो. अकरम शेख द्वारा बताया गया कि दिनांक 08.10.2020 को न्‍यायालय श्री शाहबुद्दीन हाशमी अपर सत्र न्‍यायाधीश इंदौर के समक्ष थाना एरोड्रम के अप.क्र. 751/19 धारा 302, 201 भादवि में जेल मे निरूद्ध आरोपीगण राजेश व बबलू के द्वारा जमानत आवेदन प्रस्‍तुत किया गया और जमानत पर छोडे जाने का निवेदन किया गया। अभियोजन की ओर से अपर लोक अभियोजक ज्‍योति गुप्‍ता द्वारा जमानत आवेदन का विरोध करते हुए तर्क रखे गए कि यदि आरोपियों को छोडा गया तो वह फरियादी और साक्षियों को डरायेगे, धमकायेगे तथा आरोपियों के फरार होने की संभावना है। अत: आरोपियों का जमानत आवेदन निरस्‍त किया जाना चाहिए। न्‍यायालय द्वारा तर्को से सहमत होते हुए आरोपियों का जमानत आवेदन निरस्‍त किया गया। 


अभियोजन की कहानी संक्षेप में इस प्रकार है दिनांक 24:12 2019 को एरोड्रम थाने में है सूचना प्राप्त हुई की अंबिकापूरी मेन कॉलोनी के पास सामने जमीन पर एक अज्ञात मृतक पुरुष का खून से लथपथ लाश पड़ी है पुलिस तत्काल घटनास्थल पर पहुंची जाकर देखा एक पुरुष उम्र करीब 35 साल की लाश थी पुलिस द्वारा कड़ाई से पूछताछ करने पर मृतक की बहन संगीता ने हत्या करना स्वीकार किया एवं बताया कि दिनांक 22.12.2019 को लक्ष्मी के घर पर हुए विवाद में समझौता करने की बात को लेकर दिनांक 23.12.2019 को संगीता के प्रेमी रोहित और लालू के दोस्त राजेश जोगिंदर का भी दोस्त है के माध्यम से मृतक इंदर को अपने घर बुलाया और राजेश और दो अन्य दोस्त बबलू मालवी एवं अजय उर्फ कालू सभी निवासी अहिरखेड़ी मल्टी इंदौर के साथ ऑटो रिक्शा मेंबर को लेकर रात्रि करीब 10:00 से 11:00 बजे के बीच उसके घर पर आए थे उस समय घर पर रोहित भी मौजूद था घर में उसकी मां बहन लक्ष्मी के बच्चे सो चुके थे फिर वे लोग घर के पास खाली पड़ी सुनसान जगह में इंदर से पुराने विवाद में समझौता करने की बात कर रहे थे परंतु इंदर नशे में था इसलिए उनकी बात नहीं सुन रहा था तो उन लोगों को गुस्सा आया और संगीता मैं अपने घर में रखे दो डंडे को लेकर आई तथा रोहित व अजय उर्फ कालू को दे दिए राजेश के पास एक चाकू था उसके बाद सब ने मिलकर इंदर के साथ डंडे व चाकू से मारपीट करना शुरू कर दिया और इंदर  चोट लगने से बेहोश होकर जमीन पर गिर पड़ा सब घबरा गए फिर सभी लोग उससे उठाकर जनरेटर के पास ले गए उसे हिला डू लाकर देखा कोई हलचल नहीं हुई तब उन्हें लगा इंदर मर चुका है फिर उन्होंने इंदर की लाश को ठिकाने लगाने का प्लान बना कर उसके शव को एक्टिवा गाड़ी में रखकर अंबिकापुरी की खाली जमीन पर फेंक दिया था   लाश को फेंकने के बाद संगीता और रोहित घर आकर सो गए थे तथा उनके बाकी के अन्य साथी वहां से चले गए थे पुलिस द्वारा अनुसंधान करने के उपरांत अभियुक्त गणों के विरुद्ध चालान प्रस्तुत किया गया।


कुपोषित बच्चों को खिलाया पोष्टिक आहार, बताया महत्व

बुरहानपुर। शहर के आलमगंज सेक्टर के अंतर्गत सिंधीपुरा आंगनवाड़ी केंद्र 4 पर बाल भोज कराया गया। कार्यकर्ता मंजू सिंह ठाकुर ने बताया गुरुवार को...